4 मई, 2026 (मतगणना के दिन) तक, असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी में 2026 के विधानसभा चुनावों के परिणाम घोषित कर दिए गए।

4 मई, 2026-असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी में 2026 के विधानसभा चुनावों के नतीजे 4 मई, 2026 (मतगणना के दिन) को घोषित किए गए।
मतगणना पूरी होने पर भारत निर्वाचन आयोग के रुझानों और रिपोर्टों के आधार पर मुख्य नतीजों का सारांश यहाँ दिया गया है:
पश्चिम बंगाल (294 सीटें, बहुमत: 148)
- BJP ने एक बड़ा उलटफेर करते हुए 200 से ज़्यादा सीटों पर जीत हासिल की या आगे रही (अंतिम आँकड़े लगभग 204–207+), पहली बार सरकार बनाई और TMC के लंबे शासन को खत्म कर दिया।
- TMC (ममता बनर्जी के नेतृत्व में) सिमटकर लगभग 79–90 सीटों पर रह गई।
- कांग्रेस और अन्य दलों की मौजूदगी बहुत कम रही।
असम (126 सीटें, बहुमत: 64)
NDA/BJP के नेतृत्व वाले गठबंधन (हिमंत बिस्वा सरमा) ने भारी बहुमत के साथ लगातार तीसरी बार मज़बूत जीत हासिल की, और लगभग 90–102 सीटें जीतीं (BJP की मुख्य ताकत ~82+ रही)।
Congress+ काफी पीछे रह गई (~19–21 सीटें)।
तमिलनाडु (234 सीटें, बहुमत: 118)
TVK (तमिलगा वेट्री कज़गम, अभिनेता विजय के नेतृत्व में) ने शानदार शुरुआत करते हुए सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरकर ~106–110 सीटें हासिल कीं (बहुमत के करीब या उससे ज़्यादा)।
DMK (सत्ताधारी दल) दूसरे स्थान पर खिसक गई (~58–70 सीटें)।
AIADMK ने ठीकठाक प्रदर्शन किया (~47–53 सीटें) लेकिन वह पीछे रह गई।
यह पारंपरिक द्रविड़ वर्चस्व से एक महत्वपूर्ण बदलाव का संकेत था।

केरल (140 सीटें, बहुमत: 71)
UDF (कांग्रेस के नेतृत्व में) ने ~88 सीटों के साथ स्पष्ट जीत हासिल की (अकेले कांग्रेस को ~63 सीटें मिलीं)।
LDF (CPI(M) के नेतृत्व में, सत्ताधारी पिनाराई विजयन) को हार का सामना करना पड़ा, और उसकी सीटों में भारी गिरावट आई (~CPI(M) और उसके सहयोगियों को ~25–37 सीटें मिलीं)।
पुडुचेरी (30 सीटें, बहुमत: 16)
NDA (AINRC के नेतृत्व में, BJP के समर्थन से; CM एन. रंगासामी) ने आसानी से सत्ता बरकरार रखी (~18 सीटें, AINRC मज़बूत)।
विपक्ष (Congress/DMK के नेतृत्व में) को कम सीटें मिलीं।
2021 रीकैप: TMC 215, BJP 77. BJP पहले लगभग ज़ीरो से बढ़ी थी लेकिन पीछे रह गई।
2026 शिफ्ट: हाल के भारतीय राज्य चुनावों में सबसे बड़े सीट स्विंग में से एक। 2011 से TMC का लगातार राज खत्म हुआ और असम/त्रिपुरा से आगे पूर्वी भारत में BJP की बड़ी कामयाबी का निशान है।
नेशनल असर: आने वाले चुनावों से पहले BJP को बढ़ावा; एक अहम राज्य में सेंट्रल असर मज़बूत हुआ। मज़बूत नेशनल अपोज़िशन मोमेंटम का सामना करने पर रीजनल इनकंबेंसी की लिमिट का संकेत।
TMC के लिए: गवर्नेंस, अलायंस और माइनॉरिटी आउटरीच पर बड़े आत्मनिरीक्षण की ज़रूरत है। ममता की पर्सनल पकड़ बनी हुई है लेकिन कम हुई है।
गवर्नेंस आउटलुक: नई BJPलीड वाली सरकार में इंडस्ट्रियल रिवाइवल, जॉब्स, बॉर्डर मैनेजमेंट और CAA इम्प्लीमेंटेशन पर फोकस की उम्मीद है।
कुल मिलाकर स्थिति: यह पश्चिम बंगाल की पॉलिटिक्स को बदलने वाला एक ऐतिहासिक फैसला है। इस दिन बड़े बदलाव देखने को मिले — पूरब में BJP की बड़ी सफलता (पश्चिम बंगाल + असम में पकड़), तमिलनाडु में एक नई ताकत (TVK), और केरल में UDF की वापसी। पुडुचेरी में NDA के सहयोगियों ने अच्छा प्रदर्शन किया। ये नतीजे कई राज्यों में सत्ताविरोधी लहर और मज़बूत क्षेत्रीय/राष्ट्रीय रुझानों को दर्शाते हैं।
सीटों की सबसे सटीक अंतिम गिनती और विजेताओं की सूची के लिए, आधिकारिक ECI वेबसाइट (results.eci.gov.in) देखें, क्योंकि सभी चरणों के बाद ही आंकड़े अंतिम रूप ले पाते हैं।


