जयशंकर की बड़ी चेतावनी: दुनिया पर मंडरा रहा है Food Crisis का खतरा!

ख़बर भारत की-29 सितंबर 2026,नई दिल्ली/न्यूयॉर्क।
🔴 बड़ा खाद्य संकट संभव”
ENERGY • FOOD • FERTILISER • FINANCE
दुनिया के लिए बढ़ी चिंता!
📰Report-Nidhi Chaurasia
नई दिल्ली/न्यूयॉर्क। विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने वैश्विक खाद्य सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने चेतावनी दी कि आने वाले महीनों में दुनिया को एक बड़े Food Crisis का सामना करना पड़ सकता है। उनके मुताबिक, मौजूदा भू-राजनीतिक तनाव, युद्धों और सप्लाई चेन में व्यवधान का असर खाद्य सुरक्षा पर तेजी से पड़ सकता है।
जयशंकर ने Energy, Food, Fertiliser और Finance से जुड़े संकटों को एक-दूसरे से जुड़ी चुनौती बताया। उन्होंने कहा कि किसी एक क्षेत्र में पैदा होने वाला संकट अब केवल उसी क्षेत्र तक सीमित नहीं रहता, बल्कि उसका असर दुनिया के दूसरे हिस्सों पर भी पड़ता है।
विदेश मंत्री ने विशेष रूप से Black Sea क्षेत्र से होने वाली अनाज आपूर्ति में संभावित व्यवधान और दुनिया में उर्वरकों की उपलब्धता को लेकर चिंता जताई। रूस-यूक्रेन संघर्ष के साथ-साथ पश्चिम एशिया में जारी तनाव ने ऊर्जा और खाद्य आपूर्ति की वैश्विक व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पैदा किया है।
जयशंकर के अनुसार, विकासशील और Global South के देशों पर इन परिस्थितियों का असर अधिक गंभीर हो सकता है। ऊर्जा और उर्वरक की कीमतों में बढ़ोतरी से खेती की लागत बढ़ सकती है और इसका असर अंततः खाद्य कीमतों पर दिखाई दे सकता है।
उन्होंने मौसम संबंधी जोखिमों, जिसमें El Niño जैसी परिस्थितियां भी शामिल हैं, को खाद्य उत्पादन के लिए अतिरिक्त चुनौती बताया।
हालांकि, जयशंकर की टिप्पणी को एक चेतावनी और संभावित जोखिम के आकलन के रूप में देखा जाना चाहिए। इसका अर्थ यह नहीं है कि वैश्विक खाद्य संकट निश्चित रूप से होने वाला है। लेकिन मौजूदा परिस्थितियां दुनिया के लिए खाद्य सुरक्षा और आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करने की जरूरत को रेखांकित करती हैं।
